वास्तु है सबके लिए( भाग 51) अचानक शीशा टूटना या चटकने का वास्तु शास्त्रीय महत्व

27Oct
वास्तु है सबके लिए (भाग 51)
*अचानक  शीशा टूटना  या चटकने का वास्तु शास्त्रीय महत्व*
लोक परंपरा के अनुसार हमारे परिवारों में ऐसा माना जाता है कि अचानक कोई कांच अथवा शीशा टूट जाता है तो वह निकट भविष्य में परिवार के लिए बुरी सूचना  लेकर आता है।
लेकिन ऐसा नहीं है, वास्तु शास्त्र में ऐसा माना जाता है कि घर में  खिड़की का दरवाजे या किसी अलमारी का  कांच या लुकिंग मिरर अचानक टूट जाए अथवा उसमें दरार आ जाए तो यह अपशकुन नहीं होता  है।यह बहुत ही शुभ शकुन है ।कई अनुभव करने के पश्चात मैं यह लिख लिख रहा हूं। आप भी नोट कर सकते हैं ।यदि घर में कोई शीशा टूट जाए अथवा चटक जाए तो कुछ ही दिनों बाद आपके घर में कोई ना कोई शुभ समाचार या धन की वृद्धि  या धन का आगमन होता है। ऐसा भी हो सकता है कि घर में चला आ रहा परस्पर संबंधों का गतिरोध समाप्त हो जाए या कोई व्यक्ति बीमार है तो धीरे-धीरे उनको स्वास्थ्य लाभ होना आरंभ हो जाता है।
किंतु हमें यह ध्यान करना चाहिए शीशा टूटने पर हो हल्ला न करके चुपचाप उसे साफ करके बाहर  कूड़ेदान में डाल देना चाहिए।
दूसरी बात घर में कोई भी शीशा हो, वह धूमिल ना होने पाए ।उस पर जमी हुई पानी की छींटें ,स्क्रैच ,  धूल की कठोर परत आदि यदि आ रहे हो या तो उन्हें साफ करें या उसे बदल दें।
रत्नों में भी हमें ऐसा ही ध्यान रखना चाहिए।
 यदि हमने अपनी अंगुली में या गले में कोई रत्न जैसेसे पुखराज ,पन्ना, सुनहला ,माणिक्य आदि पहना हो और वह कभी अचानक काला पड़ जाए अथवा चटक जाए या खो जाए और आपको पता भी न चले ।ऐसा घटित होना भी बहुत अच्छा होता है। वह रत्न आप पर आने वाली कोई विपत्ति अथवा कष्ट अपने ऊपर ले कर आपको कष्टों से मुक्त कर देता है।
एक और  शकुन बहुत अच्छा होता है। यदि आपके घर में गैस चूल्हे पर दूध उबलने रखा हुआ है आप किसी से बातों में लग गए हैं या टीवी देखने लगे और दूध को देखना याद नहीं रहा और वह दूध उबल करके कुछ नीचे गिर जाता है तो घर के बड़े लोग हो हल्ला मचाना शुरू कर देते हैं।
ऐसा होने पर चुपचाप उस दूध को साफ कर देना चाहिए और हो हल्ला नहीं करना चाहिए।
ऐसा माना जाता है कि यदि अचानक दूध उफान आने  पर बाहर निकल जाए और हमें बाद में पता चले तो उसको  चुपचाप  ही साफ करने से घर में धन वृद्धि के संकेत होते हैं । हो हल्ला मचाने से वह शकुन नष्ट हो जाता है।
लेकिन यह ध्यान  भी रहे कि जानबूझकर निकाला  हुआ  दूध घर में बरकत समाप्त कर देता है।
पंडित शिवकुमार शर्मा ,आध्यात्मिक गुरु एवं ज्योतिष रत्न
अध्यक्ष- शिवशंकर ज्योतिष एवं वास्तु अनुसंधान केंद्र ,गाजियाबाद

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